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Hindi Dalit Sahitya : Samvedana Aur Vimarsh

Hindi Dalit Sahitya : Samvedana Aur Vimarsh

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  • Pages: 190p
  • Year: 2019, 1st Ed.
  • Binding:  Hardbound
  • Language:  Hindi
  • Publisher:  Lokbharti Prakashan
  • ISBN 13: 9789389243567
  •  
    दलित रचनाकार और विमर्शकार चाहे जितना भी शहादती तेवर अपनायें, अपने पूर्व के कम्युनिस्टों की तुलना में इन्होंने सुरक्षित विकेट पर ही खेला है। अपराध-बोध से पीड़ित पारम्परिक चेतना सुरक्षात्मक रही है अथवा चुप। प्रगतिशील चेतना ने भी विरोध न कर दलित साहित्य संवेदना के कतिपय अतिरेकों के विरुद्ध मात्र सावधान किया है। इसकी आलोचना मित्रवत् रही है। प्रथम आधुनिक दलित होने का गौरव पटना के दलित कवि हीरा डोम को दिया जा सकता है जिनकी एक कविता ‘अछूत का शिकायत’, सरस्वती में १९१४ में प्रकाशित हुई थी। इसमें दलित पीड़ा का र्मािमक अंकन है। १९१४ में अपने जाति-नाम ‘डोम’ का उल्लेख उनके दलितवादी स्व का भी परिचायक है। ...कुल मिलाकर, इसके राजनीतिक क्षितिज पर जो घटित हुआ है लगभग वहीं इसके साहित्यिक फलक पर भी। अब दलित बुद्धिधर्मी पारम्परिक जातिबद्ध सोच से मुक्त किसी रैडिकल सामाजिक विवेक एवं नैतिकता के अग्रधावक नहीं लगते। इसी कारण ये अपने नव-अगड़ों की शिनाख्त से बचते हैं। आरम्भिक सर्जनात्मक विस्फोट के बाद दलित कविता ने अपने लिये कोई नया पथ अन्वेषित करने की चिन्ता नहीं दिखायी।

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    P. N. Singh

    डॉ. पी.एन. सिंह

    जन्म : 01 जुलाई 1942, वासुदेवपुर, गाजीपुर, उत्तर प्रदेश

    शिक्षा : एम. ए. (अंग्रेजी), पी-एच.डी.

    गतिविधियाँ : ज्ञानभारती विद्यापीठ, कोलकाता 1964-68, महाराजा वीर विक्रम शासकीय कॉलेज अगरतला 1968-71, स्नातकोत्तर महाविद्यालय गाजीपुर में 1971 से 2002 तक विभागाध्यक्ष अंग्रेजी विभाग ।

    प्रकाशित साहित्य :

    भारतीय वाल्तेयर और मार्क्स: बी.आर. अम्बेडकर, मण्डल आयोग: एक विश्लेषण; नायपॉल का भारत, गॉधी अम्बेडकर लोहिया, उच्चशिक्षा का संकट : समस्या और समाधान के बिन्दु, निष्प्रभ आईना (कविता-संग्रह),

    रामविलास शर्मा और हिन्दी जाति, अम्बेडकर प्रेमचंद और दलित समाज, हिन्दी दलित साहित्य: संवेदना और विमर्श, Society, Culture, Literary Theory and Criticism आदि ।

    उत्तर प्रदेश शासन द्वारा पुरस्कृत :

    गॉधी और उनका वर्धा (2012), कुबेरनाथ राय : साहित्यिक सांस्कृतिक दृष्टि (2012), अम्बेडकर चिंतन और हिंदी दलित साहित्य (2009)

    संपादन :

    कर्मयोगी की अविराम यात्रा, उच्च शिक्षा की चुनौतियाँ, प्रभु नारायण सिह : गाजीपुर की दृष्टि में, बुद्धिधर्मी डॉ. सरजू तिवारी इत्यादि पुस्तकों तथा जून 1989 से ‘समकालीन सोच' पत्रिका का सम्पादन ।

    सम्पर्क सूत्र :

    गौतम बुद्ध कॉलोनी, रोजा शाहजुनैद, मालगोदाम रोड, गाजीपुर-233001

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