कल्लोल चक्रवर्ती
कल्लोल चक्रवर्ती ने तीस साल तक पत्रकारिता की है। ‘कतार में अन्तिम’ उनका प्रकाशित कविता-संग्रह है। उन्होंने तसलीमा नसरीन और विभूतिभूषण बंद्योपाध्याय की किताबों का बांग्ला से हिन्दी में अनुवाद किया है। ‘अमर उजाला’ के स्थानीय सम्पादक पद से सेवानिवृत्त होने के बाद फिलहाल स्वतंत्र लेखन कर रहे हैं।

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