विजय अकेला
विजय अकेला एक गीतकार हैं। ‘कहो ना प्यार है’ और ‘कृश’ में इनके लिखे गीत काफ़ी सराहे गए हैं।
विजय अकेला मुम्बई में रहते हैं और एफ़एम रेडियो जॉकी भी हैं। भारतवर्ष के अलावा इनकी आवाज़ खाड़ी देशों में भी सुनने को मिलती है।
‘निगाहों के साये’ से पहले इन्होंने आनन्द बख़्शी के गीतों का संकलन ‘मैं शायर बदनाम’ भी तैयार किया था।

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