ज़फ़र इक़बाल
बिहार में जन्मे और पले-बढ़े ज़फ़र इक़बाल ने अपनी उच्च शिक्षा दिल्ली में पूरी की। दिल्ली विश्वविद्यालय से बी.ए. किया और जामिया मिल्लिया इस्लामिया, दिल्ली से पी-एच.डी. की डिग्री हासिल की। पढ़ाई पूरी करने के बाद बिहार वापस लौटे। सिद्धान्त और व्यवहार के बीच की खाई पाटने के क्रम में एक साल तक भागलपुर के एक गाँव में बुनकरों के साथ उनके जैसा ही जीवन जीने का विकल्प चुना और फिर ‘कोलिका’ के नाम से हैंडलूम पर कपड़ा बनाने का उपक्रम शुरू किया। वैकल्पिक और विकेंद्रित ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मज़बूत बनाने की दिशा में प्रयासरत हैं। शोधार्थी जीवन से लेकर अब तक अंग्रेजी और उर्दू से हिन्दी में लगातार अनुवाद कर रहे हैं।

Loading, please wait...
